मसूरी के रॉक स्टोन पर चला एमडीडीए का बुलडोजर, अपर माल रोड पर अनाधिकृत निर्माण ध्वस्त
नियमों की अनदेखी करने वालों पर सख्ती जारी रखने का प्राधिकरण ने दिया संदेश
देहरादून/मसूरी। मसूरी के अपर माल रोड स्थित रॉक स्टोन में अनाधिकृत निर्माण के खिलाफ मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने सोमवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए निर्माण को ध्वस्त कर दिया। प्राधिकरण के अनुसार संजय मेहरोत्रा और राजीव मेहरोत्रा से संबंधित निर्माण को लेकर नियमानुसार वाद दायर किया गया था। सुनवाई की प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित पक्ष की ओर से दिया गया जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई।
एमडीडीए के मुताबिक रॉक स्टोन परिसर में अनाधिकृत निर्माण पाए जाने के बाद संबंधित पक्ष के खिलाफ उत्तराखण्ड (उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास) अधिनियम, 1973 के यथासंशोधित प्रावधानों के तहत कार्रवाई शुरू की गई। ध्वस्तीकरण से पहले संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया गया। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत प्रतिउत्तर का नियमानुसार परीक्षण किया गया, लेकिन निर्माण को नियमों के अनुरूप ठहराने के लिए पर्याप्त आधार नहीं मिलने पर ध्वस्तीकरण आदेश पर अमल किया गया।
संवेदनशील क्षेत्र में निर्माण पर एमडीडीए की सख्ती
अपर माल रोड मसूरी का बेहद महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्र है। ऐसे में यहां अनियोजित और अनाधिकृत निर्माण को लेकर प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाया है। एमडीडीए का कहना है कि मसूरी की भौगोलिक एवं पर्यावरणीय संवेदनशीलता को देखते हुए भवन निर्माण के लिए निर्धारित मानकों, स्वीकृत मानचित्र और आवश्यक अनुमतियों का पालन अनिवार्य है।
प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि बिना अनुमति अथवा स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए गए निर्माण को किसी भी स्थिति में बढ़ावा नहीं दिया जाएगा। निर्माण नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बंशीधर तिवारी बोले- नियोजित विकास प्राथमिकता
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण की प्राथमिकता देहरादून और मसूरी क्षेत्र में नियोजित एवं नियमबद्ध विकास सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक निर्माणकर्ता के लिए स्वीकृत मानचित्र, निर्धारित मानकों और प्रचलित नियमों का पालन करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि रॉक स्टोन प्रकरण में संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया गया था। सुनवाई के बाद जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर नियमानुसार ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी व्यक्ति या संस्था के खिलाफ कार्रवाई से पहले निर्धारित कानूनी प्रक्रिया का पालन किया जाता है।
तिवारी ने कहा कि मसूरी की भौगोलिक और पर्यावरणीय संवेदनशीलता को देखते हुए अनाधिकृत निर्माण को किसी भी स्थिति में बढ़ावा नहीं दिया जा सकता। जहां भी निर्माण नियमों का उल्लंघन सामने आएगा, वहां संबंधित अधिनियम और नियमों के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई जारी रहेगी
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि रॉक स्टोन, अपर माल रोड प्रकरण में संबंधित अधिनियम के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई है। संबंधित पक्ष को सुनवाई का अवसर दिया गया, लेकिन प्रस्तुत प्रतिउत्तर संतोषजनक नहीं पाए जाने के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई।
उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य विकास क्षेत्र में कानून और निर्माण नियमों का निष्पक्ष रूप से पालन सुनिश्चित कराना है। बिना स्वीकृति अथवा स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए जा रहे निर्माण के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
एमडीडीए अधिकारियों ने निर्माणकर्ताओं से अपील की है कि भवन निर्माण शुरू करने से पहले सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करें और स्वीकृत मानचित्र के अनुरूप ही निर्माण कार्य करें।
